नई दिल्ली। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने शुक्रवार को दावा किया कि चार श्रम संहिताएं श्रमिकों के अधिकारों और संगठनों को कमज़ोर कर उनके हक़ की आवाज़ को दबाने के लिए लागू की गई हैं।उन्होंने मजदूर संगठनों के प्रतिनिधियों से मुलाकात की।लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष ने एक्स पर पोस्ट किया, आज, जनसंसद में देश भर की मज़दूर यूनियनों के प्रतिनिधियों से मुलाकात हुई, जिस दौरान नई श्रम संहिताओं पर उनके साथ विस्तृत और गंभीर चर्चा की। उन्होंने कहा, इन चार नई श्रम संहिताओं को लेकर वो बहुत चिंतित हैं, उनके अनुसार ए कानून श्रमिकों के अधिकारों और संगठनों को कमज़ोर कर उनके हक़ की आवाज़ को दबाने के लिए बनाए गए हैं। गांधी ने कहा, उनकी चिंताओं और सुझावों को ध्यान से सुना, और इस चर्चा को आगे बढ़ाते हुए उनकी आवाज़ उठाने का वादा किया है।