अगरतला। त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने बृहस्पतिवार को खैरपुर में चतुर्दश देवता मंदिर में सप्ताह भर चलने वाली खार्ची पूजा की शुरुआत की। खार्ची पूजा त्रिपुरा के महत्वपूर्ण त्योहारों में से एक है, जिसमें 14 देवताओं की पूजा की जाती है जिन्हें चतुर्दश देवता के रूप में जाना जाता है।सप्ताह भर चलने वाला यह त्योहार अशुद्धता की अवधि के बाद धरती को साफ करने से जुड़ा है।केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अध्यक्ष जेपी नड्डा ने त्रिपुरा के लोगों को खार्ची पूजा के अवसर पर शुभकामनाएं दीं। शाह ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, त्रिपुरा के हमारे भाइयों और बहनों को खार्ची पूजा की हार्दिक शुभकामनाएं। यह धार्मिक त्योहार धरती माता के साथ हमारे बंधन को और मजबूत करे व सभी के जीवन में खुशियां और समृद्धि लाए। नड्डा ने भी एक्स पर एक पोस्ट में कहा, खार्ची पूजा के अवसर पर मैं त्रिपुरा के सभी भाइयों और बहनों को हार्दिक शुभकामनाएं देता हूं। यह त्योहार सभी के जीवन में सौभाग्य, खुशियां और समृद्धि लाए। खार्ची पूजा की हार्दिक शुभकामनाएं। मुख्यमंत्री ने त्योहार की शुरुआत करने के बाद कहा कि सरकार राज्य की सभी 19 जनजातियों की परंपरा और संस्कृति को संरक्षित व समृद्ध करना चाहती है।उन्होंने कहा, त्रिपुरा मिश्रित आबादी वाला राज्य है, जहां आदिवासी और गैर-आदिवासी लोग आपसी विश्वास एवं समझ के साथ प्रदेश में रह रहे हैं। किसी जमाने में आदिवासियों का त्योहार रहा खार्ची पूजा अब सभी के लिए एक त्योहार बन गया है। सरकार लोगों की परंपरा और संस्कृति को संरक्षित व समृद्ध करने का प्रयास कर रही है।
