नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आगामी त्योहारी सीजन के मद्देनजर रविवार को देशवासियों से स्वदेशी उत्पादों का गौरवपूर्वक इस्तेमाल करने की अपील की। उन्होंने स्थानीय उत्पादों के खुलकर इस्तेमाल (वोकल फॉर लोकल) के मंत्र पर जोर देते हुए कहा कि आत्मनिर्भर भारत का मार्ग विकसित भारत बनाने में मददगार साबित होगा। उन्होंने मन की बात कार्यक्रम में कहा कि जीवन की हर जरूरत में सबकुछ स्वदेशी होना चाहिए। मोदी अमेरिका की ओर से भारतीय वस्तुओं पर 50 प्रतिशत शुल्क लगाए जाने के बाद देश के आत्मनिर्भर बनने की आवश्यकता पर लगातार जोर दे रहे हैं। देश के विभिन्न भागों में गणेश उत्सव, दुर्गा पूजा और दीपावली उत्सव के आगमन के अवसर पर प्रधानमंत्री ने कहा कि लोगों को त्योहारों के दौरान उपहार, कपड़े, सजावट की वस्तुएं या अन्य कोई चीज खरीदते समय स्वदेशी उत्पादों को नहीं भूलना चाहिए। उन्होंने कहा, गर्व से कहो यह स्वदेशी है, गर्व से कहो यह स्वदेशी है, गर्व से कहो यह स्वदेशी है। हमें इसी भावना के साथ आगे बढऩा है। एक ही मंत्र है वोकल फॉर लोकल , एक ही रास्ता है आत्मनिर्भर भारत, एक ही लक्ष्य है विकसित भारत।  
मोदी ने कहा कि रामायण और भारतीय संस्कृति के प्रति प्रेम अब दुनिया के हर कोने तक पहुंच रहा है। उन्होंने बताया कि इस महीने की शुरुआत में कनाडा के मिसिसागा में भगवान राम की 51 फुट ऊंची प्रतिमा का अनावरण किया गया। उन्होंने बताया कि इसी महीने रूस के बेहद ठंडे इलाके व्लादिवोस्तोक में एक अनोखी प्रदर्शनी आयोजित की गई, जिसमें रूसी बच्चों ने रामायण के विभिन्न विषयों पर बनाए गए चित्र प्रदर्शित किए। उन्होंने कहा, दुनिया के विभिन्न हिस्सों में भारतीय संस्कृति के प्रति बढ़ती जागरूकता देखकर वाकई बहुत खुशी होती है।  प्रधानमंत्री ने बरसात के मौसम में प्राकृतिक आपदाओं के कहर पर भी चिंता व्यक्त की। मोदी ने कहा, इस मानसून में, प्राकृतिक आपदाएं देश की परीक्षा ले रही हैं।