पटना। केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने शुक्रवार को कहा कि वह बिहार के उपमुख्यमंत्री पद की मांग कर लालची नहीं दिखना चाहते और राज्य की नई सरकार में लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) के दो विधायकों को मंत्री बनाए जाने पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का आभार व्यक्त किया। पटना में पार्टी के प्रदेश कार्यालय में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में चिराग ने कहा कि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के सहयोगी के रूप में वह बिहार से बाहर भी पार्टी का विस्तार करना चाहते हैं और पश्चिम बंगाल, पंजाब तथा उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों में संगठन को मजबूत करने की योजना पर गंभीरता से काम कर रहे हैं। हाजीपुर से सांसद ने कहा, मैं उपमुख्यमंत्री पद की मांग कर लालची नहीं दिखना चाहता।  पार्टी के विस्तार को लेकर उन्होंने कहा, बिहार विधानसभा चुनाव में 19 सीट जीतने के बाद अब हम पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश और पंजाब में पार्टी का आधार बढ़ाने की तैयारी कर रहे हैं। इन राज्यों में होने वाले आगामी विधानसभा चुनाव हम राजग के सहयोगी के रूप में लड़ेंगे।  केंद्रीय मंत्री ने कहा कि 2009, पार्टी के लिए सबसे कठिन समय था, लेकिन 2019 और 2024 के लोकसभा चुनावों में लोजपा ने बेहतरीन प्रदर्शन किया।  उन्होंने कहा कि इस बार विधानसभा चुनाव में भी पार्टी ने मजबूत उपस्थिति दर्ज की।  चिराग ने कहा कि वह पिता (दिवंगत राम विलास पासवान) के निधन के बाद भी अकेले चुनाव लडऩे के फैसले पर अडिग रहे। इससे पहले, उन्होंने घोषणा की कि 28 नवंबर को पार्टी का स्थापना दिवस पटना में भव्य रूप से मनाया जाएगा और जनवरी में खऱमास समाप्त होने के बाद पार्टी पूरे बिहार में यात्रा शुरू करेगी, जिसमें राज्य की छोटी-छोटी समस्याओं पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। चिराग ने कहा कि दलित सेना का पुनर्गठन किया जाएगा और इसकी जिम्मेदारी अरुण भारती को सौंपी गई है। लोजपा (रामविलास) ने हाल में संपन्न बिहार विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के घटक के रूप में 28 सीटों पर चुनाव लड़ा था और उनमें से 19 पर जीत हासिल की है। पार्टी के दो विधायकों ने बृहस्पतिवार को मंत्री के रूप में शपथ ली।