नई दिल्ली। पानी के बंटवारे को लेकर हरियाणा और पंजाब के बीच जारी जुबानी जंग में शामिल होते हुए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नीत दिल्ली सरकार ने बृहस्पतिवार को आम आदमी पार्टी (आप) शासित पंजाब पर दिल्ली में पानी की आपूर्ति रोककर गंदी राजनीति करने का आरोप लगाया। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भाजपा पर भाखड़ा ब्यास प्रबंध बोर्ड (बीबीएमबी) के माध्यम से पंजाब सरकार पर हरियाणा की मांगों को पूरा करने के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाया और कहा कि पड़ोसी राज्य ने मार्च तक अपने हिस्से का पानी पहले ही इस्तेमाल कर लिया था। दिल्ली के जल मंत्री प्रवेश वर्मा ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक पोस्ट में आप शासित पंजाब सरकार पर हरियाणा और दिल्ली को यमुना का पानी रोककर गंदी राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने अपनी पोस्ट में कहा, पंजाब सरकार हरियाणा और दिल्ली का पानी रोककर गंदी राजनीति पर उतर आई है। दिल्ली में हारने के बाद अब वे दिल्ली में जल संकट पैदा करना चाहते हैं। हालांकि दिल्ली जल बोर्ड (डीजेबी) के अधिकारियों ने कहा कि बृहस्पतिवार तक पानी की आपूर्ति सामान्य थी। वर्मा ने कहा, हम दिल्ली में साफ और हर घर में पानी देने के लिए दिन रात मेहनत कर रहे हैं और अब पंजाब सरकार दिल्ली की जनता से इस तरह बदला लेना चाहती है। बंद करो ये गंदी राजनीतिउ वरना पंजाब से भी जाओगे।
आप की दिल्ली इकाई के अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने भाजपा पर इस मुद्दे पर झूठ बोलने का आरोप लगाया और कहा, केंद्र सरकार ने पाकिस्तान जाने वाली सिंधु नदी के पानी को रोक दिया है - साफ है, भारत में पानी की कोई कमी नहीं है। अगर उस पानी का एक प्रतिशत भी दिल्ली को आवंटित कर दिया जाए तो राष्ट्रीय राजधानी का जल संकट तुरंत हल हो सकता है। उन्होंने दावा किया कि पंजाब सरकार ने दिल्ली या हरियाणा के लिए पानी नहीं रोका है, बल्कि भाजपा पंजाब के जायज हिस्से को छीनने के लिए गुंडागर्दी का सहारा ले रही है। उन्होंने कहा, भाजपा हर दिन झूठ बोलती है और हर दिन बेनकाब होती है। दिल्ली सरकार के मंत्री अब दावा कर रहे हैं कि पंजाब ने दिल्ली को पानी की आपूर्ति रोक दी है, जबकि न तो यमुना और न ही गंगा पंजाब से होकर बहती है। यमुना नदी का पंजाब से कोई सीधा संबंध नहीं है क्योंकि यह उत्तराखंड के यमुनोत्री ग्लेशियर से निकलती है और उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में खत्म होती है। डीजेबी अधिकारियों के अनुसार, हरियाणा में कुछ पानी भाखड़ा नांगल बांध से नरवाना नहर के माध्यम से आता है। इस बांध के माध्यम से हरियाणा, पंजाब, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश और दिल्ली को पानी की आपूर्ति को नियंत्रित किया जाता है। डीजेबी के एक अधिकारी ने पीटीआई-भाषा को बताया, इस पानी का कुछ हिस्सा मुनक नहर में भेजा जाता है जो हरियाणा से निकलती है और दिल्ली के हैदरपुर में समाप्त होती है। अब तक, पानी की आपूर्ति सामान्य बनी हुई है। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि उन्होंने 26 अप्रैल को मान को सूचित किया था कि पंजाब के अधिकारी बीबीएमबी की तकनीकी समिति द्वारा पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और राजस्थान को पानी छोड़ने के संबंध में लिए गए निर्णय को लागू करने में आनाकानी कर रहे हैं।
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सैनी ने मान को लिखे अपने पत्र का हवाला देते हुए कहा कि इसका जवाब देने के बजाय पंजाब के मुख्यमंत्री ने एक वीडियो जारी किया और तथ्यों की अनदेखी कर लोगों को गुमराह करने की कोशिश की। दिल्ली में आप के नेतृत्व वाली पूर्ववर्ती सरकार ने इससे पहले हरियाणा पर यमुना का पानी रोकने का आरोप लगाया था। हर साल गर्मी के मौसम में दिल्ली में पानी की मांग बढ़ जाती है।
